
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने स्थानीय निकाय चुनावों की सरगर्मी के बीच एक बड़ा ऐलान किया है। उन्होंने कहा है कि देश के प्रतिष्ठित शैक्षणिक संस्थानों में शामिल आईआईटी बॉम्बे के नाम में संशोधन के लिए वह पीएम नरेंद्र मोदी को पत्र लिखेंगे। इसमें वह बॉम्बे की जगह मुंबई करने की गुजारिश करेंगे।
IIT Bombay का नाम बदले जाने की तैयारी,
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Devendra Fadnavis का बड़ा ऐलान
मुंबई / नागपुर — महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री Devendra Fadnavis ने बुधवार को घोषणा की है कि राज्य सरकार केंद्र को पत्र भेजकर IIT Bombay का नाम बदलकर IIT Mumbai करने की मांग करेगी। �
🔹 क्यों ये फैसला
हाल ही में केंद्र सरकार के एक मंत्री Jitendra Singh ने कहा था कि “IIT Bombay अभी भी अपना पुराना नाम बनाए हुए है, इसे बदला नहीं गया” — उनके इस बयान ने सियासी बहस को हवा दे दी।
आइएटी के नाम में “बॉम्बे” इस्तेमाल होने को लेकर, महाराष्ट्र में लंबे समय से “मुंबई” नाम के प्रयोग को लेकर संवेदनशीलता रही है। Fadnavis का कहना है कि Bombay की जगह Mumbai होना चाहिए, क्योंकि शहर का नाम पहले ही Mumbai हो चुका है।
🔹 सरकार की अगली प्रक्रिया
Fadnavis ने कहा कि वे प्रधानमंत्री Narendra Modi और केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय (HRD / Ministry of Education) को एक औपचारिक पत्र भेजेंगे, जिसमें IIT का नाम बदलने का अनुरोध होगा। �
इस प्रस्ताव के साथ, सरकार चाहती है कि सार्वजनिक संस्थानों में शहर के वर्तमान नाम “मुंबई” को प्रतिबिंबित किया जाए — ताकि ब्रिटिश-काल के “बॉम्बे” नाम की याद को पूरी तरह मिटाया जा सके। �
🔹 प्रतिक्रिया एवं बहस
कुछ लोग — खासकर शिक्षा से जुड़े — कह रहे हैं कि IIT Bombay का नाम बदलना सिर्फ दिखावा हो सकता है, क्योंकि संस्थान की ब्रांड वैल्यू और पहचान “IIT Bombay” से जुड़ी है। �
वहीं स्थानीय और राजनीतिक दलों के बीच नाम-परिवर्तन को लेकर पहचान, संस्कृति, मराठी अस्मिता जैसे मुद्दों पर चर्चा फिर से तेज हो गई है
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने स्थानीय निकाय चुनावों के बीच महाराष्ट्र की राजधानी मुंबई में स्थिति आईआईटी के नाम बदलने को लेकर बड़ा बयान दिया है। फडणवीस ने कहा कि वह आईआईटी बॉम्बे से आईआईटी मुंबई करने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय शिक्षा मंत्री को पत्र लिखेंगे। देश और दुनिया के प्रतिष्ठित तकनीकी संस्थानों में शामिल इस केंद्रीय शैक्षणिक संस्थान का नाम में अभी भी मुंबई की जगह पर बॉम्बे ही इस्तेमाल हो रहा है। बॉम्बे द्विभाषीय राज्य (महाराष्ट्र और गुजरात) की राजधानी थी। बॉम्बे स्टेट से अलग होकर ही दोनों राज्य बने हैं।
नेहरू ने रखी थी आधारिशला
आईआईटी बॉम्बे की स्थापना 1958 में हुई थी। इसकी आधारशिला 10 मार्च, 1958 को भारत के तत्कालीन प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू ने रखी थी। 1961 में संसद ने इसे ‘राष्ट्रीय महत्व के संस्थान’ का दर्जा दिया गया था। फडणवीस ने यह बयान ऐसे वक्त पर दिया है जब महाराष्ट्र मेंअब मुंबई स्थानीय निकाय के चुनावों के लिए सरगर्मी तेज हो गई है। आईआईटी बॉम्बे ने बीते सालों में अपनी बड़ी प्रतिष्ठा बनाई है। महाराष्ट्र की राजधानी मुंबई काे पहले बॉम्बे के नाम से ही जाना जाता था। 4 मार्च, 1995 को इसका नाम आधिकारिक तौर पर बॉम्बे से मुंबई किया गया था। जब महाराष्ट्र सरकार ने यह नाम परिवर्तन किया। यह नाम शहर की मूल निवासी देवी मुंबादेवी के सम्मान में रखा गया था।




